धार्मिक नगरी उज्जैन में ऐतिहासिक शाही मस्जिद के समीप निर्माण कार्य और संरचना हटाने को लेकर उत्पन्न हुए तनावपूर्ण गतिरोध के बाद प्रशासन और समुदाय के धर्मगुरुओं ने तुरंत मोर्चा संभाल लिया है। स्थिति को नियंत्रित करने और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने के लिए उज्जैन संभाग के संभागायुक्त (Divisional Commissioner) आशीष सिंह और शहर काजी खलीक उर रहमान (खलीलुर रहमान) ने एक संयुक्त वीडियो संदेश जारी कर आम नागरिकों से शांति, संयम और भाईचारा बनाए रखने की पुरजोर अपील की है।
अधिकारियों और धर्मगुरुओं ने स्पष्ट किया है कि समूची प्रक्रिया कानूनी दायरे, प्रशासनिक तालमेल और आपसी सहमति से आगे बढ़ाई जा रही है, इसलिए नागरिक किसी भी तरह की भ्रामक खबरों या सोशल मीडिया की अफवाहों पर विश्वास न करें।
क्या था विवाद का कारण? (तनाव की पृष्ठभूमि)
- हटाने की प्रशासनिक कार्रवाई: उज्जैन नगर निगम और स्थानीय प्रशासन द्वारा शाही मस्जिद परिसर के समीप एक निर्माण कार्य/अतिक्रमण को हटाने के लिए मशीनरी मौके पर पहुंची थी।
- अचानक उमड़ी भीड़: कार्रवाई की सूचना मिलते ही स्थानीय रहवासी और समुदाय के लोग बड़ी संख्या में एकत्र हो गए, जिससे मौके पर अफरा-तफरी और तनाव की स्थिति बन गई।
- पुलिस की त्वरित तैनाती: स्थिति की संवेदनशीलता को भांपते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, भारी पुलिस बल और दंगा नियंत्रण वाहनों के साथ मौके पर पहुंचे और इलाके की घेराबंदी कर किसी भी अप्रिय स्थिति को टाल दिया।
संभागायुक्त आशीष सिंह का बयान: “कानून हाथ में न लें, स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में”
संभागायुक्त आशीष सिंह ने जिले की शांति व्यवस्था पर जोर देते हुए कहा:
- पारदर्शिता और संवाद: प्रशासन किसी भी कार्रवाई को एकपक्षीय तरीके से नहीं कर रहा है। सभी पक्षों के प्रतिनिधियों और प्रबुद्धजनों को विश्वास में लेकर ही कदम उठाए जा रहे हैं।
- सख्त निगरानी: संवेदनशील इलाकों में ड्रोन कैमरों, अतिरिक्त पुलिस पिकेट और खुफिया तंत्र को अलर्ट पर रखा गया है।
- कड़ी चेतावनी: संभागायुक्त ने दो टूक शब्दों में कहा कि यदि किसी असामाजिक तत्व ने शांति भंग करने, भड़काऊ भाषण देने या सोशल मीडिया पर भ्रामक पोस्ट डालकर सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास किया, तो उसके खिलाफ बिना किसी रियायत के कठोर दंडात्मक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
शहर काजी खलीक उर रहमान की भावुक अपील: “अमन और भाईचारा उज्जैन की पहचान”
शहर काजी ने समुदाय के लोगों और युवाओं से घरों में रहने और शांति बनाए रखने का आह्वान किया:
- अफवाहों से दूरी की नसीहत: उन्होंने कहा कि उज्जैन हमेशा से गंगा-जमुनी तहजीब और आपसी भाईचारे का प्रतीक रहा है। किसी भी विवाद का समाधान बातचीत, कानूनी साक्ष्यों और संवाद के माध्यम से निकाला जाता है, सड़कों पर तनाव पैदा करके नहीं।
- प्रशासन पर भरोसा: उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे किसी के बहकावे में आकर भीड़ का हिस्सा न बनें और प्रशासन के साथ सहयोग कर शांति व्यवस्था कायम रखने में अपनी जिम्मेदारी निभाएं।
शहर में फ्लैग मार्च, स्थिति सामान्य
तनाव के मद्देनजर पुलिस बल ने संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च किया और प्रमुख चौराहों पर सुरक्षा बढ़ा दी है। वर्तमान में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में और शांतिपूर्ण बनी हुई है। प्रशासन ने नागरिकों के लिए हेल्पलाइन नंबर सक्रिय कर दिए हैं ताकि किसी भी अफवाह की पुष्टि की जा सके।
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