देश के ‘हाईवे मैन’ कहे जाने वाले केंद्रीय सड़क, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी जब दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे के निरीक्षण के लिए मालवा अंचल पहुंचे, तो उन्हें क्षेत्र के एक जनप्रतिनिधि के बेहद आक्रामक और जमीनी रुख का सामना करना पड़ा। गरोठ-भानपुरा क्षेत्र के लोकप्रिय और बेबाक भाजपा विधायक चंदरसिंह सिसोदिया ने केंद्रीय मंत्री के सामने क्षेत्र की जनता और किसानों की समस्याओं को पूरी मजबूती से बुलंद किया। विधायक सिसोदिया ने न सिर्फ केंद्रीय मंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया और उन्हें प्रसिद्ध दुधाखेड़ी माताजी की तस्वीर भेंट की, बल्कि एक्सप्रेस-वे के निर्माण में ठेकेदारों द्वारा की गई तकनीकी खामियों का पूरा ‘कच्चा चिट्ठा’ भी उनके हाथों में सौंप दिया।
विधायक ने गडकरी के सामने ऐसी कड़े मुद्दे और मांगें रख दीं, जिसे देखकर खुद केंद्रीय मंत्री और वहां मौजूद राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के आला अधिकारी भी हैरान रह गए।
विधायक सिसोदिया का ‘मांग पत्र’: इन बड़े मुद्दों पर सीधे घेरा
विधायक चंदरसिंह सिसोदिया ने क्षेत्र के विकास, कनेक्टिविटी और जनता की सुरक्षा को लेकर बिना किसी संकोच के एक लंबा मांग पत्र केंद्रीय मंत्री को सौंपा, जिसमें मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदु शामिल थे:
- नीमच से गरोठ 4-लेन: क्षेत्र की आर्थिक और व्यापारिक कनेक्टिविटी को रफ्तार देने के लिए उन्होंने नीमच से गरोठ तक तत्काल 4-लेन सड़क निर्माण की पुरजोर मांग की।
- सातलखेड़ी में विशेष कनेक्टिविटी: देश भर से आने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय व्यापारियों की सुविधा के लिए उन्होंने दुधाखेड़ी माताजी मंदिर और भवानीमंडी क्षेत्र को जोड़ने हेतु सातलखेड़ी में विशेष कनेक्टिविटी देने की बात रखी।
- तालाब बनते अंडरब्रिज: पहली ही बारिश में एक्सप्रेस-वे के नीचे बने अंडरब्रिज में जलभराव की समस्या का जिक्र करते हुए इसके स्थाई तकनीकी निदान की मांग की।
- किसानों के लिए सर्विस रोड: एक्सप्रेस-वे के निर्माण के कारण जिन किसानों के पुश्तैनी रास्ते कट गए हैं, उन्हें जोड़ने के लिए तत्काल सर्विस रोड बनाने का मुद्दा उठाया।
टारगेट पर ठेकेदार: गाड़ी उछल रही है, करोड़ों के रेस्ट एरिया की छत टपक रही है!
विधायक सिसोदिया यहीं नहीं रुके, उन्होंने एक्सप्रेस-वे पर सफर करने वाले राहगीरों की सुरक्षा का हवाला देते हुए निर्माण कार्य की क्वालिटी (गुणवत्ता) पर सीधे और तीखे सवाल उठाए।
विधायक चंदरसिंह सिसोदिया ने दो टूक शब्दों में कहा: “एक्सप्रेस-वे मार्ग पर कई जगह गाड़ियां बुरी तरह बाउंस (उछल) रही हैं। पुलियाओं के पास गंभीर तकनीकी खामियां हैं, जिसकी वजह से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। यहाँ तक कि भ्रष्टाचार का आलम यह है कि करोड़ों की लागत से बने चमचमाते ‘रेस्ट एरिया’ की छतों से पानी टपक रहा है! इन जनशिकायतों को देखते हुए इस पूरे निर्माण कार्य और ठेकेदार की भूमिका की उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए।”
एक्शन में ‘हाईवे मैन’: मंत्री गडकरी ने मौके पर ही दिए कड़े निर्देश
जनता से जुड़े इन बेहद संवेदनशील मुद्दों, भ्रष्टाचार की शिकायतों और विधायक सिसोदिया के आक्रामक लेकिन पूरी तरह तार्किक रुख को देखकर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सभी विषयों को बेहद गंभीरता से लिया।
गडकरी ने बिना समय गंवाए मौके पर ही मौजूद NHAI के वरिष्ठ अधिकारियों और इंजीनियर्स को फटकार लगाते हुए इन सभी समस्याओं के तुरंत निराकरण और एक्सप्रेस-वे की तकनीकी खामियों को युद्धस्तर पर सुधारने के कड़े निर्देश दिए हैं। उन्होंने आश्वस्त किया कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता से किसी भी कीमत पर समझौता नहीं किया जाएगा।












