लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के इंदौर दौरे और उनके बहुचर्चित ‘छात्रों की गूंज’ संवाद कार्यक्रम को लेकर मध्य प्रदेश में सियासी पारा गर्मा गया है। प्रदेश के नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने राहुल गांधी के छात्र संवाद को विशुद्ध रूप से “इवेंट मैनेजमेंट और राजनीतिक स्टंट” करार देते हुए जोरदार हमला बोला है। विजयवर्गीय ने तंज कसते हुए कहा, “हम जमीन पर काम करते हैं, इसलिए जनता का विश्वास हमारे साथ है। अगर काम न करते तो हमें भी भीड़ जुटाने के लिए कांग्रेस की तरह रैपर, डीजे और सिंगर्स को बुलाना पड़ता।”
मंत्री विजयवर्गीय ने कटाक्ष करते हुए यहां तक कह दिया कि वैसे तो कांग्रेस को किसी बाहरी रैपर की जरूरत ही नहीं थी, क्योंकि राहुल गांधी खुद ही पर्याप्त मनोरंजन कर देते हैं।
‘छात्रों की नहीं, प्रायोजित इवेंट था’ — विजयवर्गीय प्रेस वार्ता के दौरान मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कांग्रेस के छात्र संवाद कार्यक्रम की सत्यता पर सीधे सवाल खड़े किए:
- भाड़े की भीड़ का आरोप: विजयवर्गीय ने दावा किया कि कार्यक्रम में इंदौर के वास्तविक और मेधावी कॉलेज छात्र नहीं थे, बल्कि आसपास के कस्बों और अन्य जिलों से कांग्रेस कार्यकर्ताओं व किराए की भीड़ को हॉल में बिठाया गया था।
- रैपर और म्यूजिशियन के सहारे भीड़: उन्होंने कहा कि युवाओं को आकर्षित करने के लिए कांग्रेस को रैप सिंगर्स, बैंड और संगीत का सहारा लेना पड़ा। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर राहुल गांधी के विजन में दम था, तो उन्हें अपनी बात रखने के लिए रैप कंसर्ट जैसे हथकंडों की जरूरत क्यों पड़ी?
- अमर्यादित मिमिक्री पर कड़ा ऐतराज: विजयवर्गीय ने मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी दिवंगत मां को लेकर की गई कथित मिमिक्री और टिप्पणियों की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में दिवंगत माताओं का इस तरह अपमान करना कांग्रेस की ओछी मानसिकता को दर्शाता है, जिसके लिए राहुल गांधी को देश से माफी मांगनी चाहिए।
‘देश के युवा राष्ट्रवाद के साथ, खोखले वादों के साथ नहीं’ छात्र राजनीति पर राहुल गांधी के दावों को खारिज करते हुए कैबिनेट मंत्री ने हालिया छात्रसंघ चुनावों का उदाहरण दिया:
- छात्रसंघ चुनाव नतीजों का हवाला: उन्होंने कहा कि दिल्ली विश्वविद्यालय सहित विभिन्न परिसरों में राष्ट्रवादी छात्र संगठनों की ऐतिहासिक जीत ने साबित कर दिया है कि देश का युवा किसके साथ खड़ा है। कांग्रेस की छात्र इकाई पूरे देश के परिसरों से खारिज हो चुकी है।
- विकास बनाम भ्रम की राजनीति: विजयवर्गीय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्षों के बेदाग सार्वजनिक जीवन और ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत इंदौर में 30 हजार से अधिक गरीब परिवारों को स्वामित्व योजना के पट्टे दिए जा रहे हैं, जबकि कांग्रेस सिर्फ अराजकता और नकारात्मकता फैलाने की कोशिश कर रही है।
कांग्रेस का पलटवार: ‘राहुल गांधी की लोकप्रियता से घबराई भाजपा’ दूसरी ओर, प्रदेश कांग्रेस नेताओं ने कैलाश विजयवर्गीय के बयानों पर पलटवार किया है। कांग्रेस प्रवक्ताओं का कहना है कि राहुल गांधी के इंदौर आगमन पर युवाओं और छात्रों का जो ऐतिहासिक हुजूम उमड़ा और शहर में कई किलोमीटर लंबा जाम लगा, उससे भाजपा नेतृत्व पूरी तरह बौखला गया है। कांग्रेस का दावा है कि ‘छात्रों की गूंज’ में युवाओं ने रोजगार, पेपर लीक और लचर शिक्षा व्यवस्था पर अपने दिल की बात कही है, जिससे सत्तारूढ़ दल असहज हो गया है।
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