संस्कारधानी जबलपुर में चल रहे गणेशोत्सव के दौरान आस्था के साथ-साथ गंभीर सामाजिक व सुरक्षा मुद्दों को उजागर करने वाली झांकियों का दौर जारी है। इसी क्रम में शहर के एक प्रमुख गणेश उत्सव समिति द्वारा बरगी बांध (Bargi Dam) के बैकवाटर में घटित हृदयविदारक क्रूज/नाव हादसे की जीवंत झांकी (Tableau) तैयार की गई है। इस पंडाल में दुर्घटना का शिकार होकर असमय काल के गाल में समाए सभी 13 निर्दोष मृतकों को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई है।
हादसे के दृश्य, पानी में डूबते जहाज के मॉडल और परिजनों के दर्द को दर्शाती यह मार्मिक झांकी पूरे शहर में चर्चा का विषय बनी हुई है, जिसे देखने और दिवंगतों को नमन करने के लिए भारी संख्या में श्रद्धालु उमड़ रहे हैं।
हादसे के एक-एक पल को मॉडल के जरिए किया जीवंत पंडाल के कलाकारों ने तकनीक और कला के समन्वय से हादसे के भयावह मंजर को सटीक रूप से प्रस्तुत किया है:
- डूबता क्रूज और लाइट-साउंड इफेक्ट: झांकी में बरगी जलाशय के अथाह जल विस्तार, अचानक उपजे जल-भंवर, तेज हवाओं और संतुलन बिगड़ने से पलटते क्रूज को स्पेशल साउंड और लाइटिंग इफेक्ट्स के जरिए दिखाया गया है।
- बचाव दल और एनडीआरएफ का संघर्ष: घटनास्थल पर स्थानीय नाविकों, गोताखोरों और राज्य आपदा आपातकालीन प्रतिक्रिया बल (SDERF/NDRF) द्वारा रात के अंधेरे में चलाए गए रेस्क्यू ऑपरेशन को भी प्रतीकात्मक रूप से दर्शाया गया है।
- 13 पीड़ितों के चित्र और शांति पाठ: पंडाल के मुख्य भाग में भगवान श्री गणेश की विशाल प्रतिमा के समक्ष हादसे में जान गंवाने वाले सभी 13 लोगों के चित्र लगाए गए हैं, जहां अखंड दीप प्रज्वलित कर उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रतिदिन विशेष प्रार्थना की जा रही है।
उत्सव के मंच से सुरक्षा और जवाबदेही पर कड़ा संदेश आयोजन समिति ने स्पष्ट किया कि इस झांकी का उद्देश्य केवल दुर्घटना को दिखाना नहीं, बल्कि जल पर्यटन में बरती जाने वाली आपराधिक लापरवाही के प्रति समाज और प्रशासन को जगाना है:
- लाइफ जैकेट्स और क्षमता की अनदेखी पर सवाल: झांकी के माध्यम से स्पष्ट संदेश दिया गया है कि नौकायन या क्रूज संचालन के दौरान लाइफ जैकेट न पहनना और निर्धारित क्षमता (Overloading) से अधिक सवारियां बैठाना किस प्रकार जानलेवा साबित होता है।
- सख्त नियमों की मांग: पंडाल में प्रदर्शित पोस्टरों के जरिए पर्यटन स्थलों पर सख्त सुरक्षा ऑडिट, नियमित फिटनेस जांच और ट्रेंड लाइफगार्ड्स की अनिवार्य तैनाती की मांग उठाई गई है, ताकि भविष्य में बरगी जैसा दर्दनाक मंजर दोबारा न दोहराया जाए।
भावुक हुए श्रद्धालु, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल पंडाल में आने वाले कई श्रद्धालु और दिवंगतों के परिचित इस दृश्य को देखकर भावुक हो गए:
- आंखों में छलके आंसू: प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, झांकी का बैकग्राउंड नैरेशन इतना मार्मिक है कि वहां पहुंचने वाले नागरिकों की आंखें नम हो रही हैं।
- सोशल मीडिया पर गूंज: इस अनूठी और विचारोत्तेजक झांकी के वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से वायरल हो रहे हैं, जहां लोग गणेश उत्सव के जरिए समाज को इतना गंभीर संदेश देने की सराहना कर रहे हैं।
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