मध्य प्रदेश में नौतपा से पहले ही सूरज के तीखे तेवरों ने आम जनजीवन को झुलसा कर रख दिया है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य के कई हिस्सों में भीषण लू (Severe Heatwave) का प्रकोप देखते हुए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। प्रदेश के 16 से अधिक शहरों में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के आंकड़े को पार कर चुका है, जिससे दोपहर के समय सड़कें पूरी तरह सूनी नजर आ रही हैं। उत्तर-पश्चिमी शुष्क हवाओं और साफ आसमान के चलते मैदानी इलाकों में तेजी से गर्मी बढ़ी है, जिसने पिछले कई रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, बुंदेलखंड और चंबल संभाग के 7 जिलों—दतिया, भिंड, छतरपुर (खजुराहो), टीकमगढ़, निवाड़ी, सागर और पन्ना में अत्यधिक गंभीर लू का ‘रेड अलर्ट’ जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में नौगांव और खजुराहो जैसे शहरों में पारा 46 से 47 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, राजधानी भोपाल, विदिशा, इंदौर, उज्जैन और ग्वालियर सहित कई प्रमुख जिलों के लिए ‘ऑरेंज और येलो अलर्ट’ प्रभावी है, जहां गर्म रातों (Warm Nights) और तीव्र धूप के कारण लोगों को चौबीसों घंटे राहत नहीं मिल रही है।
डॉक्टरों और प्रशासन ने इस जानलेवा गर्मी को देखते हुए एडवायजरी जारी की है। लोगों को दोपहर 12 से शाम 4 बजे के बीच अकारण घरों से बाहर न निकलने, सूती कपड़े पहनने और लगातार ओआरएस (ORS) या नींबू पानी का सेवन कर हाइड्रेटेड रहने की सलाह दी गई है। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि मध्य भारत में हीटवेव की यह स्थिति अगले 4 से 5 दिनों तक इसी तरह बनी रहेगी, और मानसून के आगे बढ़ने के बाद ही जून की शुरुआत में कुछ राहत मिलने की उम्मीद की जा सकती है।

















