मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने केंद्र की मोदी सरकार के कार्यकाल की जमकर सराहना की है। मुख्यमंत्री ने एक विशेष बयान जारी करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने विकास के नए आयाम छुए हैं। उन्होंने पिछले 12 वर्षों के कार्यकाल को देश के इतिहास में विशेष रूप से ‘आदिवासी उत्थान और नक्सलमुक्ति का स्वर्णकाल’ करार दिया है। मुख्यमंत्री का यह बयान ऐसे समय में आया है जब राज्य सरकार भी लगातार जनजातीय क्षेत्रों के विकास और सुरक्षा को लेकर कई बड़े कदम उठा रही है।
जल-जंगल-जमीन के साथ आदिवासियों को मिला सम्मान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल में आदिवासी समाज को केवल वोट बैंक नहीं समझा गया, बल्कि उन्हें मुख्यधारा से जोड़कर वास्तविक सम्मान दिया गया है। भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को ‘जनजातीय गौरव दिवस’ के रूप में घोषित करना और देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद (राष्ट्रपति) पर एक आदिवासी महिला को आसीन करना इसका सबसे बड़ा प्रमाण है। इसके साथ ही, पीएम जनमन (PM JANMAN) योजना के जरिए देश की सबसे पिछड़ी जनजातियों तक बुनियादी सुविधाएं जैसे पक्के मकान, बिजली और सड़क पहुंचाई जा रही हैं।
सुरक्षा का नया दौर: घुटनों पर आया नक्सलवाद नक्सल मोर्चे पर केंद्र सरकार की नीतियों की तारीफ करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बीते 12 सालों में गृह मंत्रालय और सुरक्षाबलों की कड़े एक्शन प्लान के चलते नक्सलवाद देश के सीमित कोनों में सिमट कर रह गया है। बुनियादी ढांचे के विकास और कड़े प्रहार की दोहरी नीति के कारण भटके हुए युवा लगातार आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौट रहे हैं। मध्य प्रदेश के बालाघाट और मंडला जैसे सीमावर्ती जिलों में भी हॉक फोर्स और स्थानीय पुलिस की मुस्तैदी से नक्सली नेटवर्क पूरी तरह ध्वस्त हो चुका है। मुख्यमंत्री ने भरोसा जताया कि आने वाले समय में देश और प्रदेश पूरी तरह से इस समस्या से मुक्त हो जाएंगे।

















