वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी 2026 को भारत का बजट 2026-27 पेश किया। यह बजट ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए बुनियादी ढांचे (Infrastructure), स्वास्थ्य और पर्यटन पर केंद्रित है। बजट में 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर और आयुर्वेद को वैश्विक स्तर पर ले जाने के लिए 3 नए आयुर्वेदिक AIIMS जैसी बड़ी घोषणाएं की गई हैं।
हाई-स्पीड रेल: 7 नए ‘बुलेट’ कॉरिडोर का जाल
सरकार ने कनेक्टिविटी को नई ऊंचाई देने के लिए ₹16 लाख करोड़ की लागत से 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर की घोषणा की है। ये कॉरिडोर प्रमुख आर्थिक केंद्रों को जोड़ेंगे।
| कॉरिडोर (Corridor) | मुख्य जुड़ाव (Main Link) | यात्रा समय में कमी (अंदाजन) |
| दिल्ली – वाराणसी | दिल्ली, मथुरा, आगरा, कानपुर, वाराणसी | 12 घंटे से घटकर ~4 घंटे |
| मुंबई – नागपुर | मुंबई, नासिक, औरंगाबाद, नागपुर | 14 घंटे से घटकर ~5 घंटे |
| मुंबई – हैदराबाद | मुंबई, पुणे, सोलापुर, हैदराबाद | 15 घंटे से घटकर ~6 घंटे |
| हैदराबाद – बेंगलुरु | हैदराबाद, कुरनूल, बेंगलुरु | 12 घंटे से घटकर ~3.5 घंटे |
| वाराणसी – हावड़ा | वाराणसी, पटना, आसनसोल, हावड़ा | 13 घंटे से घटकर ~5 घंटे |
| चेन्नई – मैसूर | चेन्नई, बेंगलुरु, मैसूर | 7 घंटे से घटकर ~2.5 घंटे |
| दिल्ली – अमृतसर | दिल्ली, चंडीगढ़, लुधियाना, अमृतसर | 8 घंटे से घटकर ~3 घंटे |
स्वास्थ्य एवं आयुष: आयुर्वेदिक AIIMS और ‘NIMHANS-2’
स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए बजट में ₹1.06 लाख करोड़ से अधिक का आवंटन किया गया है।
- 3 नए आयुर्वेदिक AIIMS: वैश्विक स्तर पर आयुर्वेद की मांग को देखते हुए तीन नए ‘अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान’ स्थापित किए जाएंगे।
- NIMHANS-2: उत्तर भारत में मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए NIMHANS-2 की स्थापना की जाएगी। साथ ही रांची और तेजपुर के मानसिक स्वास्थ्य संस्थानों को ‘क्षेत्रीय शिखर संस्थान’ के रूप में अपग्रेड किया जाएगा।
- कैंसर की दवाएं सस्ती: कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली 17 दवाओं पर सीमा शुल्क (Basic Customs Duty) पूरी तरह खत्म कर दिया गया है।
- दुर्लभ बीमारियां: 7 और दुर्लभ बीमारियों की दवाओं और विशेष भोजन को आयात शुल्क से मुक्त किया गया है।
मेडिकल टूरिज्म: भारत बनेगा ग्लोबल हेल्थ हब
भारत को दुनिया का ‘मेडिकल टूरिज्म हब’ बनाने के लिए 5 क्षेत्रीय मेडिकल हब (Regional Medical Hubs) स्थापित किए जाएंगे।
- PPP मॉडल: ये हब निजी क्षेत्र की भागीदारी से राज्यों में बनाए जाएंगे।
- एकीकृत सुविधाएं: यहाँ अत्याधुनिक डायग्नोस्टिक्स, सर्जरी के साथ-साथ आयुष (AYUSH) केंद्र और रिहैबिलिटेशन की सुविधाएं एक ही छत के नीचे मिलेंगी।
- रोजगार: अगले 5 वर्षों में 1.5 लाख से अधिक ‘केयरगिवर्स’ और 1 लाख अलाइड हेल्थ प्रोफेशनल्स को प्रशिक्षित किया जाएगा ताकि अंतरराष्ट्रीय मरीजों को विश्वस्तरीय सेवा मिल सके।
अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं (Quick Highlights)
- शिक्षा से रोजगार (E2E): युवाओं को हुनरमंद बनाने के लिए एक उच्चाधिकार प्राप्त समिति का गठन।
- पर्यटन: 15 ऐतिहासिक और पुरातात्विक स्थलों का विकास और ‘थीमैटिक टूरिज्म ट्रेल्स’ (जैसे माउंटेन और ईको ट्रेल्स) की शुरुआत।
- MSME: छोटे उद्योगों के लिए नए ऋण प्रोत्साहन और समर्थन।
- STT में वृद्धि: शेयर बाजार में फ्यूचर और ऑप्शंस (F&O) पर प्रतिभूति लेनदेन कर (STT) बढ़ा दिया गया है।
















