मध्य प्रदेश में मूसलाधार मानसूनी बारिश के बीच राजगढ़ जिले से एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया है। पचोर-सारंगपुर मार्ग पर पाढ़ाना गांव के पास एक निर्माणाधीन (Under-construction) पुलिया पर उफनते नाले को पार करने के प्रयास में मारुति ईको वैन पानी के तेज बहाव में बह गई। इस दुखद दुर्घटना में 3 महिलाओं और 3 बच्चों समेत एक ही परिवार के 9 लोगों की डूबने से मौके पर ही मौत हो गई।
वैन में कुल 11 लोग सवार थे, जिनमें से ग्रामीण और आपदा राहत दल की त्वरित कार्रवाई से 2 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
कैसे हुआ हादसा? (Accident Sequence)
- उफनते नाले में उतारी वैन: घटना पचोर-सारंगपुर मार्ग स्थित पाढ़ाना पुलिया की है। क्षेत्र में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण नाला उफान पर था और पानी सड़क के ऊपर से बह रहा था।
- तेज बहाव में अनियंत्रित हुई गाड़ी: चालक द्वारा जोखिम उठाकर उफनते नाले से वैन निकालने के प्रयास के दौरान पानी के प्रचंड वेग में गाड़ी अनियंत्रित होकर गहरे पानी में बह गई।
- 2 लोगों का रेस्क्यू: स्थानीय ग्रामीणों और प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए 2 यात्रियों को सुरक्षित बचा लिया, लेकिन वैन में अंदर फंसे अन्य 9 लोगों की पानी में दम घुटने और डूबने से मौत हो गई।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जताया दुख
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राजगढ़ हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने ईश्वर से दिवंगतों की आत्मा की शांति तथा शोकाकुल परिजनों को यह असह्य दुख सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की है। सरकार द्वारा पीड़ित परिवार को नियमानुसार आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत की जा रही है।
प्रशासन की नागरिकों से अपील
प्रदेश भर में हो रही अतिवृष्टि को देखते हुए SDERF, होमगार्ड और जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है। नागरिकों से बार-बार अपील की जा रही है कि:
- उफनती नदियों, नालों, रपटों और पुल-पुलियों को पार करने का जोखिम कतई न उठाएं।
- जलभराव वाले मार्गों पर वाहन ले जाने से बचें और वैकल्पिक सुरक्षित मार्गों का प्रयोग करें।












