भोपाल, 21 मार्च 2026। मध्यप्रदेश के सरकारी कर्मचारियों के लिए एक बड़ी खबर है। अब उन्हें नोटिस ईमेल के जरिए भेजा जाएगा। राज्य सरकार ने यह नई व्यवस्था लागू कर दी है, जिसके बाद “नोटिस नहीं मिला” या “डाक से मिला ही नहीं” जैसे पुराने बहाने अब नहीं चलेंगे।
सरकार के इस फैसले के तहत सभी विभागों के कर्मचारियों को उनके आधिकारिक सरकारी ईमेल आईडी पर नोटिस भेजा जाएगा। ईमेल पर नोटिस भेजे जाने की तारीख को ही नोटिस की तामील माना जाएगा। इससे कर्मचारी अब नोटिस न मिलने का बहाना नहीं बना सकेंगे।
सूत्रों के अनुसार यह कदम इसलिए उठाया गया है क्योंकि बड़ी संख्या में कर्मचारी विभागीय जांच और नोटिस से बचने के लिए पुरानी डाक प्रणाली की कमियों का फायदा उठाते थे। कई बार नोटिस जानबूझकर “गुम” हो जाते थे या समय पर नहीं पहुंचते थे।
वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि इस डिजिटल व्यवस्था से पारदर्शिता बढ़ेगी और विभागीय कार्रवाइयां समय पर पूरी होंगी। साथ ही सरकारी काम में जवाबदेही और अनुशासन भी सुनिश्चित होगा।
हालांकि कर्मचारी संगठनों ने इस फैसले पर मिली-जुली प्रतिक्रिया दी है। कुछ संगठनों का कहना है कि “तकनीकी खामियों और इंटरनेट की समस्या” को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए।
यह व्यवस्था मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के “डिजिटल और पारदर्शी प्रशासन” के विजन का हिस्सा मानी जा रही है।
















