देश के सबसे रईस और चर्चित अंबानी परिवार ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि उनके लिए धन-दौलत से बड़ा है — आस्था, परिवार और संस्कार। उद्योगपति मुकेश अंबानी और अनिल अंबानी की माता तथा अंबानी परिवार की मातृशक्ति कोकिलाबेन अंबानी का 92वां जन्मदिन मंगलवार 25 फरवरी 2026 को राजस्थान के राजसमंद जिले में स्थित नाथद्वारा के प्रसिद्ध श्रीनाथजी मंदिर में अत्यंत भक्तिमय और अनोखे अंदाज में मनाया गया। इस खास मौके पर पूरा अंबानी परिवार नाथद्वारा पहुंचा और श्रीनाथजी के दर्शन कर आशीर्वाद लिया।
कौन-कौन पहुंचा नाथद्वारा?
इस पावन अवसर पर कोकिलाबेन के बेटे मुकेश अंबानी और अनिल अंबानी, बेटियां नीनाबेन कोठारी और दीप्ति सालगांवकर, पोते आकाश, अनंत, अंशुल और अनमोल तथा बहुएं श्लोका अंबानी और राधिका अंबानी सहित परिवार के अन्य सदस्य भी मंदिर में उपस्थित रहे। यानी एक छत के नीचे पूरा अंबानी खानदान एकजुट हुआ — और वह छत थी श्रीनाथजी की हवेली।
अंबानी परिवार के सदस्य शाम को नाथद्वारा पहुंचे और श्रीनाथजी मंदिर में दर्शन-पूजन किया। उन्होंने भोग आरती में भी भाग लिया। परिवार ने पुष्टिमार्ग संप्रदाय के प्रमुख स्थल श्रीनाथजी की हवेली के दर्शन भी किए।
कोकिलाबेन और नाथद्वारा का खास रिश्ता
श्रीनाथजी हवेली नाथद्वारा में पुष्टिमार्गीय वल्लभ संप्रदाय का मुख्य पीठ है और इसका बड़ा धार्मिक महत्व है। कोकिलाबेन इस मंदिर बोर्ड की उपाध्यक्ष भी हैं। यही कारण है कि अंबानी परिवार के लिए नाथद्वारा का यह मंदिर केवल आस्था का केंद्र नहीं, बल्कि उनके जीवन का अभिन्न हिस्सा है।
अंबानी परिवार को अक्सर जन्मदिन, सालगिरह या कोई नया कारोबार शुरू करने से पहले श्रीनाथजी मंदिर में दर्शन करते देखा जाता है। यह उनकी गहरी धार्मिक आस्था और पारिवारिक परंपरा का हिस्सा है।
92 साल की उम्र में भी कोकिलाबेन का जज्बा कमाल
92 वर्ष की आयु में भी कोकिलाबेन अंबानी की सक्रियता और ऊर्जा पूरे परिवार के लिए प्रेरणा का स्रोत है। वे अंबानी परिवार की “महालक्ष्मी” मानी जाती हैं। धीरूभाई अंबानी के जाने के बाद से वे इस विशाल परिवार को एकजुट रखने की शक्ति बनी हुई हैं। परिवार के हर सदस्य के लिए वे सिर्फ माँ नहीं, बल्कि आशीर्वाद और मार्गदर्शन का जीवंत स्रोत हैं।


















