हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाकों में मानसून की बारिश के बीच एक बड़ा और दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है। चंबा जिले के तीसा-बैरागढ़ मार्ग पर 18 यात्रियों को लेकर जा रही एक निजी बस अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे गहरी खाई में जा गिरी। इस दुखद हादसे में ड्राइवर और कंडक्टर सहित 7 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 11 अन्य यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीणों और पुलिस-प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुँचकर युद्धस्तर पर राहत और बचाव कार्य (Rescue Operation) शुरू किया।
कैसे हुआ हादसा? (Incident Details)
- अनियंत्रित होकर खाई में पलटी बस: प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस के अनुसार, निजी बस बैरागढ़ की ओर जा रही थी। तीसा क्षेत्र के पास मोड़ पर अचानक चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया, जिसके बाद बस अनियंत्रित होकर खाई में लुढ़क गई।
- चीख-पुकार और स्थानीय लोगों का सहयोग: तेज आवाज और यात्रियों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण तुरंत दुर्घटनास्थल की ओर दौड़े और पुलिस को सूचना दी। दुर्गम ढलान होने के बावजूद ग्रामीणों ने अपनी जान जोखिम में डालकर मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालना शुरू किया।
घायलों का उपचार और प्रशासनिक सहायता
- अस्पताल में भर्ती: हादसे में घायल 11 यात्रियों को तुरंत एम्बुलेंस के जरिए नागरिक अस्पताल तीसा (Civil Hospital Tissa) ले जाया गया, जहाँ से प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायलों को मेडिकल कॉलेज चंबा (Chamba Medical College) के लिए रेफर कर दिया गया है।
- मृतकों की पहचान: पुलिस द्वारा मृतकों के शवों का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और उनके परिजनों को सूचित किया जा रहा है।
- मुआवजे का ऐलान: स्थानीय प्रशासन द्वारा मृतक परिवारों को फौरी तौर पर अंतरिम राहत राशि और घायलों के मुफ्त व समुचित इलाज की व्यवस्था की जा रही है।
हिमाचल के पर्वतीय मार्गों पर लगातार बना खतरा
हिमाचल प्रदेश में इन दिनों जारी मूसलाधार बारिश और भूस्खलन के कारण पर्वतीय सड़कें काफी फिसलन भरी और खतरनाक हो गई हैं। चंबा पुलिस ने मामला दर्ज कर हादसे के कारणों की तकनीकी जांच शुरू कर दी है कि दुर्घटना ब्रेक फेल होने से हुई या मानसूनी फिसलन व मानवीय भूल के कारण।












