मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज जनजातीय संस्कृति के सबसे बड़े उत्सव भगोरिया के रंग में रंगे नजर आए। बड़वानी जिले के नागलवाड़ी प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री ने एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए ‘भीलट देव आख्यान केंद्र’ का भव्य लोकार्पण किया।
यह केंद्र न केवल क्षेत्र की धार्मिक आस्था का प्रतीक बनेगा, बल्कि भीलट देव की गाथाओं और जनजातीय परंपराओं को सहेजने का एक बड़ा माध्यम भी साबित होगा।
लोकार्पण के मुख्य आकर्षण:
- आस्था का सम्मान: मुख्यमंत्री ने भगवान भीलट देव की पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की।
- संस्कृति का संरक्षण: आख्यान केंद्र में जनजातीय कला, संस्कृति और भीलट देव से जुड़ी लोक कथाओं को आधुनिक तरीके से प्रदर्शित किया गया है।
- भगोरिया का उत्साह: लोकार्पण के बाद मुख्यमंत्री स्थानीय कलाकारों के साथ भगोरिया उत्सव में शामिल हुए। उन्होंने मांदल की थाप पर लोक नर्तकों का उत्साह बढ़ाया और जनजातीय भाई-बहनों को उत्सव की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री का संबोधन:
लोकार्पण के अवसर पर डॉ. यादव ने कहा, “हमारी सरकार जनजातीय गौरव को पुनर्जीवित करने के लिए प्रतिबद्ध है। भीलट देव आख्यान केंद्र हमारी आने वाली पीढ़ियों को अपनी जड़ों से जोड़े रखेगा। भगोरिया केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि हमारे गौरवशाली इतिहास और अटूट परंपरा का संगम है।”















