मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान-2026′ के शुभारंभ अवसर पर शुक्रवार, 07 अगस्त 2026 को छिंदवाड़ा पहुँचे मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य के युवाओं और शासकीय अधिकारी-कर्मचारियों के लिए कई बड़ी घोषणाएं की हैं। एफडीडीआई (FDDI) ऑडिटोरियम में आयोजित नवनियुक्त एवं पदोन्नत कर्मचारियों के अभिनंदन समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार जनकल्याण, पारदर्शी प्रशासन और रोजगार सृजन को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।
मुख्यमंत्री ने कर्मचारियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि वर्षों से रुकी पदोन्नति (Promotion) प्रक्रिया को सरकार ने गति दी है और जो अधिकारी-कर्मचारी अब भी प्रमोशन से छूटे हैं, सरकार उनका भी पूरा ध्यान रखेगी।
📢 छिंदवाड़ा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के संबोधन की 4 बड़ी बातें:
- 2 लाख नई सरकारी भर्तियों का रोडमैप:
- मुख्यमंत्री ने युवाओं को बड़ा दिलासा देते हुए घोषणा की कि मध्य प्रदेश के विभिन्न विभागों में 2 लाख नई सरकारी भर्तियों की प्रक्रिया तेजी से जारी है।
- इसमें शिक्षा (शिक्षक भर्ती), स्वास्थ्य, पुलिस, राजस्व और प्रशासनिक सेवाओं के खाली पड़े पदों को चरणबद्ध तरीके से भरा जा रहा है।
- लंबित प्रमोशन प्रक्रिया को गति और छूटे कर्मचारियों को दिलासा:
- सीएम ने कहा कि अच्छा काम करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों की पीठ थपथपाते हुए सरकार उन्हें पदोन्नति और हर संभव सुविधा दे रही है।
- उन्होंने कहा कि जो अधिकारी-कर्मचारी पदोन्नति प्रक्रिया में अभी बच गए हैं या छूटे हुए हैं, उनके हितों का भी सरकार पूरा ध्यान रखेगी और हर पात्र कर्मी को उसका हक दिलाएगी।
- काम में ढिलाई पर सख्त रुख:
- जहाँ एक तरफ कर्मचारियों को सौगातें दी गईं, वहीं मुख्यमंत्री ने स्पष्ट चेतावनी भी दी कि जनता के कामों और सुशासन में लापरवाही बरतने वाले अफसरों और कर्मचारियों को बख्शा नहीं जाएगा और उन्हें तत्काल दंडित किया जाएगा।
- ‘नो-मीटिंग फ्राइडे’ और मैदानी सुशासन:
- छिंदवाड़ा से शुरू हुआ ‘जन-विश्वास अभियान’ 7 जनवरी 2027 तक चलेगा। अब हर शुक्रवार अधिकारी दफ्तरों में बैठकें आयोजित नहीं करेंगे, बल्कि सीधे गांवों और बस्तियों में उतरकर जनता की शिकायतों का ‘ऑन-द-स्पॉट’ समाधान करेंगे।
कर्मचारी जगत और युवाओं में उत्साह
मुख्यमंत्री की इस घोषणा के बाद प्रदेश भर के अधिकारी-कर्मचारियों और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे लाखों अभ्यर्थियों में नई उम्मीद जगी है। पदोन्नति का इंतजार कर रहे कर्मचारी संगठनों ने सरकार के इस रुख का स्वागत किया है।












