Sunday, August 30, 2026
Authentic News
  • Home
  • Madhya Pradesh News
  • Chhattisgarh News
  • राजनीति
    प्रेस वार्ता के दौरान अपनी ही पार्टी के नेताओं पर साजिश का आरोप लगाते केंद्रीय मंत्री जुएल ओराम।

    मुझे मोदी कैबिनेट से हटाने की साजिश’, जुएल ओराम का बड़ा आरोप

    स्मृति ईरानी और राहुल गांधी वंदे मातरम विवाद बयान अहिल्या वाणी।

    कांग्रेस मुख्यालय में पूरा ‘वंदे मातरम’ गाकर दिखाएं! स्मृति ईरानी का राहुल गांधी पर करारा हमला

    अभिनेता प्रकाश राज का वोटर लिस्ट में नाम कटने पर बयान और कर्नाटक में मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया।

    जिस बेंगलुरु सीट से लड़ा था चुनाव, वहीं की वोटर लिस्ट से कटा नाम; प्रकाश राज ने तंज कसते हुए कहा- ‘गेम ऑन’

    भारत का उच्चतम न्यायालय (Supreme Court of India) और भोपाल के अपर लेक (भोज वेटलैंड) की प्रतीकात्मक तस्वीर।

    भोपाल भूमि उपयोग मामले में सुप्रीम कोर्ट का सख्त रुख! ‘भोपाल सिटीजन्स फोरम’ की हस्तक्षेप याचिका खारिज; कहा- “समानांतर सुनवाई से प्रक्रिया में होती है देरी”

    भारतीय जनता पार्टी (BJP) का झंडा और चुनाव आयोग के उप-चुनाव नतीजों का काउंटिंग सेंटर (प्रतीकात्मक)।

    क्या बीजेपी के गढ़ों में दरक रही है पकड़? उप-चुनावों में 2 सीटें गंवाई, 2 में सिमटी बढ़त; चुनावी रणनीतियों पर खड़े हुए सवाल

    मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय की जबलपुर पीठ और मीनाक्षी नटराजन की प्रतीकात्मक तस्वीर।

    राज्यसभा चुनाव विवाद में MP हाई कोर्ट का बड़ा एक्शन! मीनाक्षी नटराजन की याचिका पर 3 बीजेपी राज्यसभा सांसदों और चुनाव आयोग को नोटिस जारी

    रांची में जेपीएससी-जेएसएससी भर्ती परीक्षा धांधली के खिलाफ धरना प्रदर्शन करते छात्र और सीएम हेमंत सोरेन की प्रतीकात्मक तस्वीर।

    रांची में 11वें दिन भी जारी रहा अभ्यर्थियों का आंदोलन; CM हेमंत सोरेन ने तोड़ी चुप्पी, बोले- “उचित समय पर लेंगे फैसला, छात्रों को मिलेगा न्याय”

    कावेरी रैली में भाषण देते उदयनिधि स्टालिन और अभिनेता विजय व अभिनेत्री तृषा कृष्णन की प्रतीकात्मक फोटो।

    अभिनेत्री तृषा कृष्णन और विजय पर उदयनिधि स्टालिन की ‘द्विअर्थी’ टिप्पणी से उपजा विवाद; TVK और BJP ने बोला हमला, बताया “अश्लील व शर्मनाक”

    पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए जन सुराज के संस्थापक और बांकीपुर उम्मीदवार प्रशांत किशोर।

    प्रशांत किशोर का चुनाव आयोग को 24 घंटे का अल्टीमेटम! बांकीपुर में सरकारी तंत्र के दुरुपयोग पर भड़के PK, धरने की चेतावनी

  • CRIME
  • Weather
  • Jobs
  • Opinion
No Result
View All Result
Authentic News
No Result
View All Result
Home News

रिटायरमेंट से पहले ‘लास्ट ओवर में छक्के’ मारते जजों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, ताबड़तोड़ फैसलों को बताया दुर्भाग्यपूर्ण

Authentic News by Authentic News
December 20, 2025
in National, News
0
सुप्रीम कोर्ट में न्यायिक प्रक्रिया को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणी करता न्यायालय

image source:google.com

0
SHARES
0
VIEWS
Share on WhatsappShare on Face book

न्यायिक व्यवस्था की साख और पारदर्शिता को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाया है। रिटायरमेंट से ठीक पहले जजों द्वारा दिए जा रहे ताबड़तोड़ और संदिग्ध फैसलों पर टिप्पणी करते हुए शीर्ष अदालत ने इसे “दुर्भाग्यपूर्ण प्रवृत्ति” करार दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने ऐसे मामलों को गंभीर बताते हुए संबंधित हाईकोर्ट को जांच और समीक्षा के लिए भेज दिया है।

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने साफ शब्दों में कहा कि न्यायाधीशों से यह अपेक्षा की जाती है कि वे अपने पूरे कार्यकाल में निष्पक्षता, संतुलन और संवैधानिक मर्यादाओं का पालन करें। रिटायरमेंट से पहले जल्दबाजी में दिए गए आदेश न केवल संदेह पैदा करते हैं, बल्कि न्यायपालिका की विश्वसनीयता को भी नुकसान पहुंचाते हैं।

कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा कि “लास्ट ओवर में छक्के मारने जैसी मानसिकता” से दिए गए फैसले आम जनता के बीच गलत संदेश भेजते हैं। ऐसे आदेशों से यह धारणा बनती है कि कहीं न कहीं प्रक्रिया और मंशा पर सवाल उठाए जा सकते हैं, जो न्याय के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है।

Related posts

मध्य प्रदेश के मेधावी छात्र-छात्राओं को लैपटॉप योजना के तहत राशि वितरित करते हुए मुख्यमंत्री।

एमपी में 75% से ज्यादा अंक लाने वाले छात्रों को बड़ी सौगात, 1 सितंबर को मिलेगा लैपटॉप फंड

August 29, 2026
नेपाल बाढ़ के खौफनाक हालात और अपनों की सलामती के लिए प्रशासन से गुहार लगाते भोपाल के परिजन।

नेपाल बाढ़ का कहर: भोपाल के एक ही परिवार के 29 लोग लापता, आखिरी कॉल ने बढ़ाई चिंता

August 29, 2026

मामले की गंभीरता को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने संबंधित हाईकोर्ट को निर्देश दिया है कि वह संदिग्ध आदेशों की गहराई से समीक्षा करे और यह सुनिश्चित करे कि भविष्य में इस तरह की प्रवृत्ति पर रोक लगे। साथ ही यह भी कहा गया कि न्यायिक अनुशासन बनाए रखना पूरे सिस्टम की जिम्मेदारी है।

कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि सुप्रीम कोर्ट की यह टिप्पणी न्यायपालिका के भीतर आत्ममंथन का संकेत है। इससे यह स्पष्ट होता है कि शीर्ष अदालत न केवल न्याय देने में, बल्कि न्यायिक आचरण की निगरानी में भी कोई ढिलाई नहीं बरतना चाहती।

यह फैसला न्यायिक पारदर्शिता और विश्वास को मजबूत करने की दिशा में एक अहम संदेश माना जा रहा है।

Previous Post

IAS Meet : भोपाल में तीन दिवसीय आईएएस सर्विस मीट का शुभारंभसीएम यादव बोले- लोकतंत्र को सफल बनाने में अफसरों की अहम भूमिका

Next Post

MPESB Recruitment 2025: 474 पदों पर निकली भर्ती, 24 दिसंबर से आवेदन शुरू, 1 लाख तक मिलेगी सैलरी

Next Post
MPESB भर्ती 2025 से जुड़ी जानकारी और आवेदन प्रक्रिया

MPESB Recruitment 2025: 474 पदों पर निकली भर्ती, 24 दिसंबर से आवेदन शुरू, 1 लाख तक मिलेगी सैलरी

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

BROWSE BY CATEGORIES

  • Business
  • Chhattisgarh News
  • CRIME
  • Culture
  • Entertainment
  • International News
  • Jobs
  • Lifestyle
  • Madhya Pradesh News
  • National
  • News
  • Politics
  • Sports
  • Travel
  • Uncategorized
  • Weather

About Us

AuthenticNews एक भरोसेमंद डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है जो पूरे भारत से सत्य, तेज़ और प्रमाणित खबरें आप तक पहुँचाता है। राजनीति से मनोरंजन तक, हमारे साथ जुड़ें और सच्ची खबरों से जुड़ें।

Browse by Category

  • Business
  • Chhattisgarh News
  • CRIME
  • Culture
  • Entertainment
  • International News
  • Jobs
  • Lifestyle
  • Madhya Pradesh News
  • National
  • News
  • Politics
  • Sports
  • Travel
  • Uncategorized
  • Weather

2025 © authenticnews.com. All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • Madhya Pradesh
  • Chhattisgarh
  • Politics
  • CRIME
  • Weather
  • Jobs
  • Opinion

2025 © authenticnews.com. All Rights Reserved.