उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) के बाहर छात्रों द्वारा प्रस्तावित आंदोलन को लेकर प्रशासन को अलर्ट किया गया है। प्रयागराज में स्थित UPPSC कार्यालय के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और पुलिस-प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है।
दरअसल, प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े छात्र आयोग की कार्यप्रणाली, परीक्षा कैलेंडर, परिणामों में देरी और भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर नाराज बताए जा रहे हैं। छात्रों का कहना है कि बार-बार परीक्षाओं में विलंब और स्पष्ट सूचना के अभाव में उनका भविष्य प्रभावित हो रहा है। इसी को लेकर छात्रों ने UPPSC कार्यालय के बाहर प्रदर्शन की घोषणा की थी।
प्रशासन को आशंका है कि बड़ी संख्या में छात्रों के जुटने से कानून-व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हो सकती है। पिछले अनुभवों को देखते हुए प्रशासन पहले से सतर्क हो गया है, ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था या टकराव की स्थिति न बने। इसी कारण स्थानीय प्रशासन और पुलिस विभाग को अलर्ट मोड पर रखा गया है।
अधिकारियों ने बताया कि प्रदर्शन को लेकर छात्रों के प्रतिनिधियों से बातचीत की जा रही है और उन्हें शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने की अपील की गई है। वहीं, आयोग परिसर और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
प्रशासन का कहना है कि छात्रों की मांगों को सुना जाएगा, लेकिन सार्वजनिक व्यवस्था भंग करने की अनुमति नहीं दी जा सकती। किसी भी तरह की अफवाह या उकसावे से बचने के लिए सोशल मीडिया पर भी नजर रखी जा रही है।
यह मामला एक बार फिर प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े छात्रों की समस्याओं और प्रशासन के सामने खड़ी चुनौतियों को उजागर करता है। अब सबकी निगाहें इस बात पर हैं कि छात्रों की मांगों पर क्या ठोस समाधान निकलता है।














