मध्यप्रदेश में इस बार मार्च महीने में ही अप्रैल-मई जैसी तपिश महसूस हो रही है। खंडवा, मुरैना, सीहोर, बैतूल, खरगोन, छिंदवाड़ा, विदिशा, शिवपुरी, बुरहानपुर और सिंगरौली सहित कई जिलों में अधिकतम तापमान 35°C से 39°C के बीच दर्ज किया जा रहा है।
दिन-रात के तापमान में बड़ा अंतर
दिन में तापमान तेजी से 39°C को पार कर रहा है, वहीं सुबह और रात के समय मौसम अपेक्षाकृत ठंडा बना हुआ है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन और ग्वालियर जैसे बड़े शहरों में दोपहर की तेज गर्मी के कारण लोग घरों में रहने को मजबूर हो रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि दिन और रात के तापमान में यह अचानक उतार-चढ़ाव लोगों की सेहत पर सीधा असर डाल रहा है।
अस्पतालों में बढ़ रहे सर्दी-एलर्जी के मरीज
कई शहरों के अस्पतालों में सर्दी, खांसी और एलर्जी के मरीजों की संख्या में तेजी से वृद्धि देखी जा रही है। डॉक्टरों का कहना है कि इस मौसमी बदलाव में बच्चे और बुजुर्ग सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। चिकित्सकों ने लोगों को पर्याप्त पानी पीने और दोपहर में सीधी धूप से बचने की सलाह दी है।
राजस्थान से आ रही गर्म हवाएं जिम्मेदार
मौसम विभाग के अनुसार राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों से आ रही गर्म हवाएं प्रदेश के तापमान को बढ़ा रही हैं। आगामी दिनों में तापमान में और इजाफा होने की संभावना है। नागरिकों से अपील है कि दोपहर 12 से 4 बजे के बीच बाहर निकलने से बचें।

















